वाशिंगटन, 4 नवंबर 2026: अमेरिकी midterm elections 2026 में मतदाताओं ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को बड़ा झटका दिया है। सीएनएन और सीबीएस न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार डेमोक्रेटिक पार्टी ने कांग्रेस के दोनों सदनों—प्रतिनिधि सभा (हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स) और सीनेट—पर नियंत्रण हासिल कर लिया है।
हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स के नतीजे
निचले सदन की 425 सीटों के लिए हुए चुनाव में डेमोक्रेट्स ने 224 सीटें जीत ली हैं। रिपब्लिकन को 129 सीटों पर संतोष करना पड़ा। डेमोक्रेट्स ने बहुमत का आंकड़ा 218 पार कर लिया है। बाकी अधिकांश सीटों पर भी डेमोक्रेट उम्मीदवार बढ़त बनाए हुए हैं।
सीनेट में भी डेमोक्रेट्स आगे
100 सदस्यीय सीनेट की 35 सीटों के नतीजे आना शुरू हो गए हैं। इनमें 33 सीटें नियमित 6 साल के कार्यकाल के लिए और 2 सीटें (ओहायो व फ्लोरिडा) विशेष चुनाव के तहत थीं। ये सीटें जेडी वेंस के उपराष्ट्रपति बनने और मार्को रुबियो के विदेश मंत्री बनने के कारण खाली हुई थीं। डेमोक्रेटिक पार्टी ने रिपब्लिकन गढ़ माने जाने वाले कई राज्यों में जीत दर्ज कर सात सीटों का फायदा हासिल किया। उनकी संख्या बढ़कर 53 हो गई है, जबकि रिपब्लिकन की सीटें घटकर 42 रह गई हैं।
ट्रंप का रुख
डेमोक्रेट्स ने उन क्षेत्रों में उम्मीद से बेहतर प्रदर्शन किया है, जहां दो साल पहले ट्रंप की पार्टी ने आसानी से जीत हासिल की थी। इस ऐतिहासिक जीत से डेमोक्रेट्स को ट्रंप के कार्यकाल के आखिरी दो सालों में उन पर लगाम लगाने की ताकत मिल गई है।
राष्ट्रपति ट्रंप ने ‘द न्यूयॉर्क टाइम्स’ से कहा कि वे नतीजों को स्वीकार करते हैं। इससे उन सवालों पर विराम लग गया कि क्या वे नतीजों को चुनौती देंगे। फॉक्स न्यूज के साथ इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि वे रिपब्लिकन पार्टी की पराजय को “अपने ऊपर लगे झटके” के तौर पर नहीं देखते।
यह नतीजा अमेरिकी राजनीति में बड़ा बदलाव लाएगा और ट्रंप प्रशासन के बाकी कार्यकाल को प्रभावित कर सकता है।





