पश्चिमी उत्तर प्रदेश में शहरी और क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को बड़ा बढ़ावा |Namo Bharat Regional Rapid Transit System (RRTS)

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नई दिल्ली, 21 फरवरी 2026Namo Bharat Regional Rapid Transit System (RRTS) : प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी रविवार, 22 फरवरी 2026 को उत्तर प्रदेश के मेरठ का दौरा करेंगे, जहां वे लगभग ₹12,930 करोड़ की लागत वाले विकास परियोजनाओं का उद्घाटन और राष्ट्र को समर्पण करेंगे। यह दौरा दिल्ली-मेरठ को जोड़ने वाले भारत के पहले नमो भारत रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) कॉरिडोर के पूर्ण कमीशनिंग और मेरठ मेट्रो सेवाओं की शुरुआत पर केंद्रित है। ये परियोजनाएं एकीकृत शहरी और क्षेत्रीय परिवहन में नया मानक स्थापित करती हैं, जो राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (NCR) और उसके आसपास सतत, उच्च-गति और कुशल मोबिलिटी को बढ़ावा देंगी।

दिल्ली-मेरठ नमो भारत कॉरिडोर, 82 किमी लंबा, इस कार्यक्रम के दौरान राष्ट्र को समर्पित किया जाएगा। इस सेमी-हाई-स्पीड रेल सिस्टम की डिजाइन स्पीड 180 किमी/घंटा है और ऑपरेशनल स्पीड 160 किमी/घंटा तक, जो दिल्ली-मेरठ की यात्रा समय को वर्तमान 2-3 घंटे से घटाकर 60 मिनट से कम कर देगा। कॉरिडोर में आधुनिक स्टेशन, एलिवेटेड स्ट्रक्चर और एडवांस्ड सिग्नलिंग शामिल हैं, जो सराय काले खान (हजरत निजामुद्दीन रेलवे स्टेशन, दिल्ली मेट्रो पिंक लाइन, ISBT और रिंग रोड से मल्टी-मॉडल कनेक्टिविटी), न्यू अशोक नगर, गाजियाबाद, मुरादनगर और मेरठ जैसे प्रमुख केंद्रों को जोड़ता है।

फ्लैग-ऑफ, मेट्रो राइड और उद्घाटन समारोह

RRTS : प्रधानमंत्री का कार्यक्रम दोपहर करीब 12:30 बजे मेरठ के शताब्दी नगर नमो भारत स्टेशन से शुरू होगा, जहां वे मेरठ मेट्रो और नमो भारत ट्रेन को फ्लैग-ऑफ करेंगे। इसके बाद वे शताब्दी नगर से मेरठ साउथ स्टेशन तक मेट्रो राइड करेंगे। करीब 1:00 बजे, पीएम मोदी विभिन्न परियोजनाओं का उद्घाटन और राष्ट्र को समर्पण करेंगे, साथ ही जनसभा को संबोधित करेंगे।

मुख्य उद्घाटन:

  • नमो भारत RRTS कॉरिडोर के शेष सेक्शन।
  • दिल्ली सेक्शन: 5 किमी (सराय काले खान से न्यू अशोक नगर)।
  • उत्तर प्रदेश सेक्शन: 21 किमी (मेरठ साउथ से मोदिपुरम) में 12 स्टेशन।
  • चार प्रमुख स्टेशन कमीशनिंग: सराय काले खान, शताब्दी नगर, बेगमपुल और मोदिपुरम।
  • मेरठ मेट्रो ऑपरेशन शुरू, जो नमो भारत के साथ शेयर इंफ्रास्ट्रक्चर पर चलती है, अधिकतम स्पीड 120 किमी/घंटा, 21 किमी की दूरी 30 मिनट में (स्टॉप्स सहित)।

यह अनोखी एकीकरण पहली बार भारत में इंटरसिटी (RRTS) और इंट्रासिटी (मेट्रो) यात्रा को एक ही ट्रैक पर संभव बनाता है।

RRTS : नागरिकों और पर्यावरण के लिए लाभ

ये परियोजनाएं सड़कों की भीड़ कम करेंगी, वाहनों से कार्बन डाइऑक्साइड उत्सर्जन घटाएंगी और NCR तथा पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लाखों लोगों के लिए जीवन आसान बनाएंगी। यात्रियों को तेज, विश्वसनीय, एयर-कंडीशन्ड सेवाएं, एकीकृत टिकटिंग और आधुनिक सुविधाएं मिलेंगी। नमो भारत साहिबाबाद, गाजियाबाद और मुरादनगर जैसे केंद्रों को कुशलता से जोड़ेगा, जबकि मेरठ मेट्रो स्थानीय मोबिलिटी बढ़ाएगी।

ये विकास विकसित भारत 2047 की दृष्टि से जुड़े हैं, जो सतत इंफ्रास्ट्रक्चर, प्रदूषण कम करने और बेहतर कनेक्टिविटी पर जोर देते हैं। गाजियाबाद और आसपास के क्षेत्रों में ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की गई है, जिसमें सुबह से कार्यक्रम समाप्त होने तक भारी वाहनों और कुछ रूट्स पर प्रतिबंध है।

पीएम मोदी का संबोधन इन परियोजनाओं से नागरिकों को सशक्त बनाने, रोजगार सृजन और आर्थिक विकास पर केंद्रित होगा। मेरठ में यह दौरा स्मार्ट, ग्रीन और आधुनिक शहरी मोबिलिटी की दिशा में भारत की प्रगति का प्रतीक है।